सोशल मीडिया पर गैर सांप्रादायिक पोस्ट पर यूनिट की आज से रहेगी विशेष नजर,ऐसे पोस्ट देखते ही फ़ौरन होगी कार्रवाई

बिधुरंजनउपाध्याय
चर्चित बिहार भागलपुर :-
सोशल मीडिया पर फर्जी आईडी से परेशान करने वालों,सोशल मीडिया का सहारा लेकर सांप्रदायिक सद्भाव बिगाड़ने वालों समेत तमाम साइबर क्राइम करने वालों की अब खैर नहीं.आर्थिक अपराध इकाई बिहार पटना के पत्रांक 3788 एवं पुलिस महानिदेशक आर्थिक अपराध इकाई पटना के पत्रांक 765 के द्वारा गृह विभाग ने साइबर अपराध से निपटने के लिए साइबर क्राइम एवं शोशल मीडिया युनिट में पुलिसकर्मियों को तैनात कर दिया है.भागलपुर प्रमण्डल अंतर्गत सभी जिले में पुलिसकर्मियों के चयन की प्रकिया पूरी हो गई है.चयनित पुलिस बल को ट्रेनिंग कर जिले में आज से साइबर यूनिट में तैनात कर दिया गया है.साइबर क्राइम एवं शोशल मीडिया यूनिट में चयनित पुलिसकर्मी अब साइबर क्राइम एवं शोशल मीडिया पर कड़ी नजर रखेंगे ताकि किसी भी प्रकार के साइबर अपराध होने पर वैसे लोगो पर कड़ी कार्रवाई करेंगे.इसके लिए भागलपुर,नवगछिया,बांका,मुंगेर,
लखीसराय,जमुई,शेखपुरा,बेगूसराय,खगड़िया जिला में साइबर यूनिट में दक्ष पुलिसकर्मियों की तैनाती कर दिया गया है.जिसमे भागलपुर में सात,नवगछिया में छः,बांका में चार,मुंगेर में छः,लखीसराय में 7,बेगूसराय में 3,खगड़िया में 2,शेखपुरा में 1 एव जमुई से तीन अमित तिवारी,अमृत तिग्गा एवं मनोज कुमार की नियुक्ति साइबर क्राइम एवं शोशल मीडिया यूनिट में की गई है.

साइबर अपराध एवं सोशल मीडिया के दुरुपयोग के मामलों की त्वरित जांच व खुलासे के लिए जिलों में आज से पदस्थापित किये गए क्षेत्रीय पुलिस पदाधिकारियों को प्रशिक्षत कर चार स्तरों पर ट्रेनिंग दी गयी है.हाल के कुछ वर्षों के दौरान साइबर अपराध में कई गुणा वृद्धि हुई है.साइबर क्राइम एवं सोशल मीडिया यूनिट में एक प्रोग्रामर,तीन डाटा सहायक कोटि के विशेषज्ञ की बहाली की गई है.यूनिट में कम्प्यूटर एक्सपर्ट एक पुलिस निरीक्षक,तीन पुलिस अवर निरीक्षक,दो सिपाही रैंक के कर्मी की नियुक्ति की गयी है.सभी प्रकार के साइबर अपराध,सोशल मीडिया एवं आईटी एक्ट के अन्य दुरुपयोग को लेकर प्रतिवेदित कांडो के अनुसंधान सहयोग करेंगे.

फिलहाल सभी जिला में साइबर क्राइम के मामलों से निबटने के लिए एक छोटी टीम काम कर रही थी,लेकिन अब साइबर क्राइम एंड सोशल मीडिया यूनिट की स्थापना से पुरानी टीम और समृद्ध हो जायेगी.यूनिट की स्थापना के बाद पुलिस साइबर और सोशल मीडिया से संबंधित किसी भी तरह के मामलों से निपटने में सक्षम होगी.