बालिका गृह यौन हिंसा: FSL भेजे गए पूर्व मंत्री मंजू वर्मा के घर बरामद कारतूस

चर्चित बिहार बेगूसराय। मुजफ्फरपुर महिला सुधार गृह कांड का बवंडर जब से फूटा है, तब से सरकार में समाज कल्याण मंत्री रह चुकी मंजू वर्मा की परेशानी बढ़ती ही जा रही है। एक तरफ जहां सीबीआइ की टीम मुजफ्फरपुर मामले को लेकर मंजू वर्मा एवं उनके पति चंद्रशेखर वर्मा से पूछताछ कर रही है, वहीं सीबीआइ ने मंजू वर्मा एवं उनके पति के खिलाफ घर में अवैध आग्नेयास्त्र रखने का एफआइआर चेरिया बरियारपुर थाना में दर्ज कराकर जिला पुलिस को इसकी अलग से जांच का निर्देश दिया है। इसे लेकर सोमवार की शाम मुख्‍यालय डीएसपी ने जांच प्रारंभ कर दी।
सदर डीएसपी ने उन दोनों गवाहों से भी पूछताछ की, जिनकी उपस्थिति में सीबीआइ ने मंजू वर्मा के घर से 50 कारतूस जब्त किए थे। इसके साथ ही हेड क्वार्टर डीएसपी ने मंजू वर्मा के घर के आस-पास के लोगों से भी पूछताछ की।
सीबीआइ ने बरामद किए थे अवैध कारतूस

मालूम हो कि शुक्रवार को हुए कुमारी मंजू वर्मा के श्रीपुर अर्जुन टोला स्थित आवास पर सीबीआइ के रेड के दौरान 50 कारतूस बरामद किया गया था। इसे लेकर सीबीआइ के डीएसपी के बयान पर चेरिया बरियारपुर थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। प्राथमिकी के अनुसार मंजू वर्मा के घर से एक बॉक्स से .323 बोर के 18 कारतूस, 8 एमएम बोर के 10 कारतूस, 7.62 बोर के 19 कारतूस एवं थ्री नॉट थ्री बोर के छह कारतूस बरामद किए गए।
जांच को एफएसएल भेजीं गईं गोलियां

एसपी आदित्य कुमार ने बताया कि सीबीआइ द्वारा दर्ज कराए गए मामले की जांच के लिए हेडक्वार्टर डीएसपी केके सिंह को जिम्मेवारी दी गई है। वहीं जब्त किए गए एसएलआर पिस्टल एवं थ्री नॉट थ्री राइफल की गोलियों को जांच के लिए पटना एफएसएल भेजा गया है। दो से तीन दिनों में जांच रिपोर्ट आ जाएगी। इसके बाद ही कहा जा सकता है कि उक्त गोलियां कहां से मिलीं थीं। एसपी ने बताया कि मंजू वर्मा जिस समय मंत्री थीं। उस दौरान उनकी सुरक्षा के लिए चार-एक का गार्ड मुहैया कराया गया था। हो सकता है कि मंजू वर्मा के घर से बरामद कारतूस उन्हीं गार्ड्स के हों।
सीबीआइ रडार पर मंजू वर्मा व उनके पति

मुजफ्फरपुर बालिका गृह कांड में पूर्व मंत्री मंजू वर्मा के पति चंद्रशेखर वर्मा के नाम का खुलासा होने के बाद सीबीआइ की टीम उनके बारे में साक्ष्य जुटाने में लगी हुई है। इसी कड़ी में शुक्रवार को सीबीआइ ने उनके चेरिया बरियारपुर थाना क्षेत्र के श्रीपुर पंचायत के अर्जुन टोल स्थित उनके आवास पर छापेमारी की थी। अब मंजू वर्मा के खिलाफ आर्म्‍स एक्‍ट का मुकदमा दर्ज होने के बाद वे नई मुसीबत में फंसती दिख रहीं हैं। इस मामले में उनपर गिरफ्तारी की तलवार लटक गई है।